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सरकारी अस्पतालों में Project SARATHI के विस्तार की समीक्षा, मरीजों को मिलेगा बेहतर मार्गदर्शन और आधुनिक सुविधाएं

देशभर के सरकारी अस्पतालों में मरीजों को अधिक सुविधाजनक, पारदर्शी और मरीज-केंद्रित स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से Project SARATHI के विस्तार की व्यापक समीक्षा की गई। इस पहल का लक्ष्य अस्पतालों में आने वाले मरीजों और उनके परिजनों को बेहतर मार्गदर्शन, समय पर जानकारी और विभिन्न स्वास्थ्य सेवाओं तक आसान पहुंच उपलब्ध कराना है।

Vindhya Dubey02 अग. 2026, 09:02 PM IST
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सरकारी अस्पतालों में Project SARATHI के विस्तार की समीक्षा, मरीजों को मिलेगा बेहतर मार्गदर्शन और आधुनिक सुविधाएं
सरकार का मानना है कि इस परियोजना के विस्तार से अस्पतालों में मरीजों का अनुभव बेहतर होगा, भीड़ प्रबंधन अधिक प्रभावी बनेगा और उपचार प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक सुगम और व्यवस्थित होगी।

स्वास्थ्य सेवाओं की बढ़ती मांग और सरकारी अस्पतालों में लगातार बढ़ रही मरीजों की संख्या को देखते हुए Project SARATHI को स्वास्थ्य व्यवस्था में महत्वपूर्ण सुधार के रूप में देखा जा रहा है। इस पहल के माध्यम से अस्पतालों में मरीजों को प्रवेश से लेकर उपचार और डिस्चार्ज तक हर चरण में आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

Project SARATHI के अंतर्गत अस्पताल परिसरों में हेल्प डेस्क को अधिक सशक्त बनाया जा रहा है, जहां प्रशिक्षित कर्मचारी और स्वयंसेवक मरीजों को पंजीकरण, ओपीडी, जांच, भर्ती, दवा वितरण, प्रयोगशाला, रेडियोलॉजी, ऑपरेशन थिएटर तथा अन्य विभागों तक पहुंचने में सहायता करेंगे। इससे पहली बार अस्पताल आने वाले मरीजों और उनके परिजनों को अनावश्यक परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।

परियोजना के तहत डिजिटल सूचना प्रणाली को भी मजबूत किया जा रहा है। अस्पतालों में डिजिटल डिस्प्ले बोर्ड, इलेक्ट्रॉनिक सूचना स्क्रीन, दिशा-निर्देशक संकेतक और सूचना कियोस्क जैसी सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा, ताकि मरीजों को संबंधित विभागों, डॉक्टरों की उपलब्धता, जांच केंद्र, दवा वितरण केंद्र और अन्य आवश्यक सेवाओं की जानकारी आसानी से मिल सके। भविष्य में इन सेवाओं को डिजिटल हेल्थ मिशन और अन्य तकनीकी प्लेटफॉर्म से जोड़ने की दिशा में भी प्रयास किए जा रहे हैं।

सरकार का मानना है कि अस्पतालों में मरीजों को समय पर सही जानकारी उपलब्ध होने से लंबी कतारों और अनावश्यक भीड़ में कमी आएगी। कई बार मरीज केवल जानकारी के अभाव में अलग-अलग काउंटरों पर भटकते रहते हैं, जिससे उनका समय और ऊर्जा दोनों व्यर्थ होती है। Project SARATHI इस समस्या का समाधान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

इस पहल का एक महत्वपूर्ण पहलू मरीजों और उनके परिजनों को भावनात्मक एवं व्यवहारिक सहयोग उपलब्ध कराना भी है। प्रशिक्षित स्वयंसेवक और सहायता कर्मी विशेष रूप से बुजुर्गों, दिव्यांगजनों, गर्भवती महिलाओं और गंभीर रोगियों को अस्पताल के विभिन्न विभागों तक पहुंचाने, आवश्यक प्रक्रियाओं को समझाने और संबंधित सेवाओं का लाभ दिलाने में सहायता करेंगे। इससे अस्पतालों में मरीजों के प्रति संवेदनशील और मानवीय वातावरण विकसित होने की उम्मीद है।

Project SARATHI के विस्तार के दौरान अस्पताल प्रशासन और स्वास्थ्यकर्मियों के बीच बेहतर समन्वय पर भी जोर दिया जा रहा है। मरीजों की शिकायतों के त्वरित समाधान, सूचना के बेहतर आदान-प्रदान और सेवा वितरण की निगरानी के लिए आधुनिक प्रबंधन प्रणाली को अपनाने की दिशा में भी काम किया जा रहा है। इससे अस्पतालों की कार्यक्षमता बढ़ेगी और मरीजों को समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।

सरकार का उद्देश्य केवल चिकित्सा उपचार उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि मरीजों के संपूर्ण अस्पताल अनुभव को बेहतर बनाना है। यही कारण है कि स्वास्थ्य अवसंरचना के विकास के साथ-साथ मरीज सुविधा, डिजिटल सेवाओं, पारदर्शिता और सेवा गुणवत्ता में सुधार पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। Project SARATHI इसी व्यापक स्वास्थ्य सुधार अभियान का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि इस परियोजना को प्रभावी ढंग से लागू किया जाता है तो सरकारी अस्पतालों में मरीजों की संतुष्टि बढ़ेगी, अस्पतालों की कार्यप्रणाली अधिक व्यवस्थित होगी और स्वास्थ्य सेवाओं तक आम नागरिकों की पहुंच पहले से कहीं अधिक आसान हो जाएगी। इससे सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रणाली पर लोगों का विश्वास भी मजबूत होगा और सरकारी अस्पतालों की सेवा गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिल सकता है।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि मरीज-केंद्रित स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ावा देना उसकी प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल है। Project SARATHI का विस्तार इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जो भविष्य में देश के सरकारी अस्पतालों को अधिक आधुनिक, सुव्यवस्थित, तकनीक-सक्षम और नागरिक-अनुकूल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।