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गोरखपुर जिला जेल से दुष्कर्म और अपहरण का आरोपी फरार, खेत में काम के दौरान सुरक्षा को चकमा देकर भागा

गोरखपुर जिला कारागार से दुष्कर्म, अपहरण और POCSO एक्ट के मामले में बंद एक आरोपी के फरार होने से जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। आरोपी जेल परिसर में काम कर रहा था। इसी दौरान उसने सुरक्षा व्यवस्था को चकमा दिया और करीब 20 फीट ऊंची दीवार फांदकर फरार हो गया। घटना के बाद पुलिस की कई टीमें आरोपी की तलाश में जुटी हैं। मामले में जेल प्रशासन पर भी कार्रवाई की गई है।

sd08 अग. 2026, 05:14 PM IST
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गोरखपुर जिला जेल से दुष्कर्म और अपहरण का आरोपी फरार, खेत में काम के दौरान सुरक्षा को चकमा देकर भागा

गोरखपुर: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिला कारागार से एक गंभीर आपराधिक मामले में बंद आरोपी के फरार होने का मामला सामने आया है। दुष्कर्म, अपहरण और POCSO एक्ट के मामले में जेल में निरुद्ध विपिन कुमार नामक बंदी ने जेल परिसर में काम के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को चकमा दिया और फरार हो गया। घटना सामने आने के बाद जेल प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।

जानकारी के मुताबिक, जेल परिसर में बंदियों से निर्धारित कार्य कराया जा रहा था। इसी दौरान विपिन कुमार मौके से निकल गया। बताया जा रहा है कि आरोपी ने पेड़ का सहारा लेकर जेल की करीब 20 फीट ऊंची दीवार को पार किया और जेल परिसर से बाहर निकलने में कामयाब हो गया।

घटना के बाद शुरू हुई तलाश

बंदी के गायब होने की जानकारी मिलते ही जेल प्रशासन ने तत्काल उसकी तलाश शुरू की। मामले की सूचना पुलिस अधिकारियों को भी दी गई। इसके बाद पुलिस की कई टीमें फरार आरोपी की तलाश में लगाई गई हैं। पुलिस आसपास के इलाकों के अलावा उसके संभावित ठिकानों और संपर्कों की भी जांच कर रही है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, आरोपी को गोरखपुर रेलवे स्टेशन के आसपास देखे जाने की सूचना भी सामने आई थी। इसके बाद पुलिस ने रेलवे स्टेशन और आसपास के क्षेत्रों में भी उसकी तलाश की।

जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

गंभीर आपराधिक मामलों में बंद आरोपी के जेल परिसर से फरार होने की घटना ने जिला कारागार की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि आरोपी को काम के दौरान किस स्तर की निगरानी में रखा गया था और वह सुरक्षा घेरे से बाहर निकलने में कैसे सफल हुआ।घटना के बाद जेल प्रशासन की भूमिका की भी जांच की जा रही है। रिपोर्टों के मुताबिक, मामले में जेलर समेत पांच जेलकर्मियों को निलंबित किया गया है। अधिकारियों की ओर से सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के साथ-साथ घटना की विभागीय जांच भी शुरू कराई गई है।

पुलिस की कई टीमें तलाश में जुटीं

फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। उसके परिचितों और संपर्क में रहने वाले लोगों से भी पूछताछ की जा रही है। पुलिस आरोपी के संभावित भागने के रास्तों और उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज की भी जांच कर रही है।फिलहाल आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। उसकी गिरफ्तारी के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि वह जेल से फरार होने के बाद कहां-कहां गया और किन लोगों ने उसकी मदद की।

जेल से दुष्कर्म और POCSO जैसे गंभीर मामलों में बंद आरोपी के इस तरह फरार होने की घटना ने कारागार की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।