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उद्घाटन के डेढ़ महीने बाद ही ढहा हाई लेवल ब्रिज की रिटेनिंग वॉल l

राजस्थान के बारां जिले में जलवाड़ा के पास पार्वती नदी पर बने हाई लेवल ब्रिज की रिटेनिंग दीवार उद्घाटन के करीब डेढ़ महीने बाद ही ढह गई। पुल का उद्घाटन 28 जून को हुआ था। हादसे के समय आसपास कोई वाहन या व्यक्ति मौजूद नहीं था, जिससे बड़ा हादसा टल गया। घटना के बाद PWD अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण किया। वहीं ग्रामीणों ने निर्माण गुणवत्ता और ठेकेदार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं।

Kashish Rai19 अग. 2026, 10:02 AM IST
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उद्घाटन के डेढ़ महीने बाद ही ढहा हाई लेवल ब्रिज की रिटेनिंग वॉल l

राजस्थान के बारां जिले में निर्माण गुणवत्ता को लेकर एक बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। जलवाड़ा गांव के पास पार्वती नदी पर बने हाई लेवल ब्रिज की एक तरफ की रिटेनिंग दीवार अचानक भरभराकर गिर गई। घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। हालांकि, दीवार गिरने के बाद मौके पर बड़ी मात्रा में मलबा फैल गया। बताया जा रहा है कि हादसे के समय पुल के आसपास कोई वाहन या व्यक्ति मौजूद नहीं था। ऐसे में बड़ा हादसा होने से टल गया। यह पुल बारां और मध्य प्रदेश की सीमा के बीच आवागमन के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है और इसके शुरू होने के बाद अटरू व बारां से मध्य प्रदेश की सीमा तक आने-जाने वाले लोगों को सुविधा मिलने लगी थी।

उद्घाटन के डेढ़ महीने बाद ही ढही दीवार

पार्वती नदी पर बने इस हाई लेवल ब्रिज का उद्घाटन 28 जून को बारां-झालावाड़ सांसद दुष्यंत सिंह ने किया था। उद्घाटन के करीब डेढ़ महीने बाद ही पुल की एक साइड की रिटेनिंग दीवार ढह गई। इतनी कम अवधि में निर्माण का हिस्सा गिरने के बाद पुल की निर्माण गुणवत्ता पर सवाल उठने लगे हैं। घटना की जानकारी मिलते ही सार्वजनिक निर्माण विभाग यानी PWD के अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने क्षतिग्रस्त हिस्से का निरीक्षण किया और दीवार गिरने के संभावित कारणों की जानकारी जुटाई।

PWD ने बारिश को बताया वजह

PWD के सहायक अभियंता संदीप कुमार के मुताबिक, क्षतिग्रस्त दीवार की मरम्मत का काम जल्द कराया जा रहा है। उनका कहना है कि बारिश की वजह से पुल का एक हिस्सा ढहा है। फिलहाल पुल का एक हिस्सा चालू है और दूसरे हिस्से को जल्द ठीक कराया जाएगा। घटना के बाद संवेदक की ओर से निर्माण कार्य में इस्तेमाल होने वाले जरूरी संसाधन भी देर रात मौके पर पहुंचा दिए गए हैं। विभाग की ओर से क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

ग्रामीणों ने उठाए निर्माण पर सवाल

वहीं, घटना के बाद जलवाड़ा क्षेत्र के ग्रामीणों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठाए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार की ओर से घटिया निर्माण सामग्री या मानकों की अनदेखी के कारण यह स्थिति पैदा हुई है। साथ ही विभागीय स्तर पर निगरानी को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। फिलहाल PWD अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण कर लिया है और दीवार की मरम्मत का काम शुरू कराया जा रहा है। पुल की रिटेनिंग दीवार इतनी कम अवधि में क्यों गिरी, इसका वास्तविक कारण जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।