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गोरखपुर जिला जेल में बंद समीर की मौत, तीन दिन पहले हुआ था दाखिल

गोरखपुर जिला जेल में तीन दिन पहले दाखिल हुए 30 वर्षीय विचाराधीन बंदी समीर शेख की जिला अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। समीर को घरेलू हिंसा अधिनियम से जुड़े एक मामले में 19 अगस्त को न्यायालय के आदेश पर जेल भेजा गया था। जेल प्रशासन के अनुसार, उसे पहले से लीवर और किडनी संबंधी बीमारी थी। 21 अगस्त की शाम अचानक तबीयत बिगड़ने और दौरा पड़ने के बाद उसे जिला अस्पताल भेजा गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मौत के कारणों की स्पष्ट जानकारी पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद सामने आएगी।

Kashish Rai22 अग. 2026, 07:30 PM IST
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गोरखपुर जिला जेल में बंद समीर की मौत, तीन दिन पहले हुआ था दाखिल

गोरखपुर जिला जेल में बंद एक विचाराधीन बंदी की इलाज के दौरान मौत का मामला सामने आया है। मृतक की पहचान 30 वर्षीय समीर शेख के रूप में हुई है, जो पीपीगंज क्षेत्र के जसवल बाजार का रहने वाला था। समीर को घरेलू हिंसा अधिनियम से जुड़े एक मामले में न्यायालय के आदेश के बाद 19 अगस्त 2026 को जिला जेल में दाखिल किया गया था। जेल अधीक्षक दिलीप कुमार पांडेय के अनुसार, समीर को जेल में आए अभी केवल तीन दिन ही हुए थे। जेल प्रशासन ने बताया कि समीर पहले से ही स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों से जूझ रहा था। उसके बारे में बताया गया कि वह क्रॉनिक अल्कोहलिक था और उसे लीवर तथा किडनी से जुड़ी बीमारी भी थी।


जेल प्रशासन के मुताबिक, 21 अगस्त की शाम अचानक समीर की तबीयत बिगड़ गई। उसे दौरा पड़ने के बाद जेल में ही प्राथमिक उपचार दिया गया। स्थिति में सुधार नहीं होने पर जेल प्रशासन ने उसे तत्काल जिला अस्पताल भेजने की व्यवस्था की।

समीर को जिला अस्पताल के इमरजेंसी विभाग में ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसकी जांच के बाद उसे भर्ती कर उपचार शुरू किया। इलाज के दौरान उसकी हालत गंभीर बनी रही। जेल प्रशासन के अनुसार, रात करीब 8:30 बजे विशेषज्ञ चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया। समीर की मौत की सूचना उसके परिजनों को दे दी गई है। घटना के बाद जेल प्रशासन ने नियमानुसार आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। प्रशासन की ओर से शव का पंचनामा और पोस्टमार्टम कराने के लिए सक्षम मजिस्ट्रेट नामित करने का अनुरोध किया गया है।


फिलहाल मौत की सटीक वजह को लेकर अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि समीर की मौत किस कारण से हुई। जेल प्रशासन द्वारा बताई गई उसकी पहले से मौजूद स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं और अचानक बिगड़ी तबीयत को भी जांच के दौरान ध्यान में रखा जाएगा। समीर के जेल में दाखिल होने और उसकी मौत के बीच केवल तीन दिन का अंतर होने के कारण मामले में नियमानुसार जांच और चिकित्सकीय प्रक्रिया महत्वपूर्ण होगी। पोस्टमार्टम तथा संबंधित दस्तावेजों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।