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Bank of Baroda पर Cyber Attack का साया! कर्मचारी का Email Hack, Customer Data तक पहुंच का दावा

Bank of Baroda के एक कर्मचारी का आधिकारिक ईमेल अकाउंट कथित तौर पर हैक होने के बाद संवेदनशील बैंकिंग डेटा तक अनधिकृत पहुंच का मामला सामने आया है। हमलावरों ने बड़ी मात्रा में डेटा चोरी करने का दावा किया है। मामले में मुंबई की BKC Police ने FIR दर्ज कर साइबर जांच शुरू कर दी है। हालांकि, बैंक ने अपने core banking system के सुरक्षित होने की बात कही है और 1TB डेटा चोरी के दावे की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।

Kalpana Gautam02 सित. 2026, 03:27 PM IST
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Bank of Baroda पर Cyber Attack का साया! कर्मचारी का Email Hack, Customer Data तक पहुंच का दावा
मुंबई: देश के बड़े सरकारी बैंकों में शामिल Bank of Baroda साइबर सुरक्षा को लेकर गंभीर जांच के घेरे में है। बैंक के एक कर्मचारी के आधिकारिक ईमेल अकाउंट के कथित रूप से compromise होने के बाद संवेदनशील डेटा तक अनधिकृत पहुंच का मामला सामने आया है। मामले में मुंबई की BKC Police ने 28 अगस्त को अज्ञात आरोपी के खिलाफ FIR दर्ज की है।

मामले ने तब तूल पकड़ा जब एक कथित हैकर ग्रुप ने बैंक के अधिकारियों को धमकी भरा ईमेल भेजकर दावा किया कि उसने बैंक के नेटवर्क से 1 टेराबाइट से अधिक डेटा डाउनलोड कर लिया है और उसे ऑनलाइन सार्वजनिक कर दिया जाएगा। हालांकि, इस 1TB के दावे की बैंक ने आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।

Credit Manager का ईमेल बना एंट्री पॉइंट?
पुलिस की जांच के मुताबिक, धमकी वाला ईमेल गुजरात में तैनात Bank of Baroda के एक Credit Manager के आधिकारिक ईमेल अकाउंट से भेजा गया था। लेकिन संबंधित कर्मचारी ने अधिकारियों को बताया कि उसने ऐसा कोई ईमेल नहीं भेजा था। इसके बाद बैंक ने अकाउंट का पासवर्ड बदलने और उसे block करने समेत सुरक्षा उपाय किए। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी ने कर्मचारी के credentials तक कैसे पहुंच बनाई और उसके बाद किस तरह बैंक के डेटा तक पहुंच हासिल की।

कौन-सा डेटा निशाने पर था?
पुलिस को दी गई जानकारी के अनुसार कथित तौर पर re-KYC forms, mobile-number change forms और gold loan agreements जैसे दस्तावेजों तक पहुंच होने का दावा किया गया। इसके अलावा attackers ने personal data, financial records और bank के trade secrets अपने पास होने की बात कही। 

इससे भी बड़ी चिंता यह है कि जुलाई में सामने आई रिपोर्टों में कथित leaked dataset में customer identity documents, loan-related information और internal banking records का जिक्र किया गया था। हालांकि, पूरे dataset की authenticity और वास्तविक मात्रा की स्वतंत्र पुष्टि अभी बाकी है।

बैंक ने क्या कहा?
Bank of Baroda ने जुलाई में आधिकारिक तौर पर माना था कि एक employee का email account compromise हुआ था और इसके जरिए कुछ data तक unauthorized access हुआ।
लेकिन बैंक ने एक महत्वपूर्ण बात स्पष्ट की—उसका core banking system access नहीं हुआ और वह सुरक्षित है। बैंक ने मामले की comprehensive forensic investigation शुरू की है और संबंधित authorities के साथ काम करने की बात कही है। 

अब पुलिस की जांच किस दिशा में?
BKC Police की cyber team आरोपी तक पहुंचने के लिए technical evidence, email details और IP address की जांच कर रही है। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि breach सिर्फ एक employee account तक सीमित था या बैंक के अन्य systems/accounts भी प्रभावित हुए।

फिलहाल किसी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।

सबसे बड़ा सवाल—ग्राहकों का डेटा कितना सुरक्षित?
इस पूरे मामले में सबसे अहम सवाल यही है कि आखिर कितने ग्राहकों का डेटा unauthorized hands तक पहुंचा और वास्तव में कितना डेटा बाहर गया?
एक तरफ attackers द्वारा 1TB से ज्यादा data चोरी करने का दावा किया गया है, वहीं Bank of Baroda ने core banking infrastructure के सुरक्षित होने की बात कही है। इसलिए फिलहाल “1TB customer data चोरी की पुष्टि” कहना सही नहीं होगा। जांच पूरी होने के बाद ही breach की वास्तविक सीमा स्पष्ट हो सकेगी।

फिलहाल इतना जरूर स्पष्ट है कि Bank of Baroda में employee email compromise और unauthorized data access की घटना हुई है, जिसकी पुलिस और बैंक दोनों स्तर पर जांच चल रही है।