law-order
PM Modi Documentary: BBC के खिलाफ ₹10 हजार करोड़ की मानहानि याचिका वापस, दिल्ली HC में NGO ने केस लिया वापस
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर बनी BBC की डॉक्यूमेंट्री को लेकर ब्रिटिश ब्रॉडकास्टिंग कॉरपोरेशन के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट में दायर ₹10,000 करोड़ की मानहानि याचिका अब वापस ले ली गई है। गुजरात स्थित NGO Justice on Trial ने 3 सितंबर को अदालत में केस वापस लेने की जानकारी दी। कोर्ट ने याचिका को “withdrawn” मानते हुए मामले को खारिज कर दिया। हालांकि, NGO ने कहा है कि वह इसी cause of action को लेकर नया मुकदमा दाखिल करेगा।

BBC की चर्चित डॉक्यूमेंट्री ‘India: The Modi Question’ को लेकर शुरू हुआ कानूनी विवाद एक नए मोड़ पर पहुंच गया है। गुजरात स्थित गैर-लाभकारी संस्था Justice on Trial ने ब्रिटिश ब्रॉडकास्टिंग कॉरपोरेशन (BBC) के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट में दायर ₹10,000 करोड़ की मानहानि याचिका वापस ले ली है।
यह मामला दिल्ली हाईकोर्ट के जस्टिस तुषार राव गेडेला की अदालत में सुनवाई के लिए आया था। 3 सितंबर 2026 को NGO की ओर से पेश अधिवक्ता सिद्धार्थ शर्मा ने अदालत को बताया कि उन्हें मुकदमा वापस लेने के निर्देश मिले हैं। उन्होंने साथ ही कहा कि इसी cause of action के आधार पर एक नया मुकदमा दाखिल किया जाएगा। अदालत ने याचिका वापस लेने की अनुमति दे दी और मामले को “dismissed as withdrawn” यानी वापस लिए जाने के आधार पर खारिज कर दिया।
क्या था पूरा मामला?
Justice on Trial ने BBC की दो भागों वाली डॉक्यूमेंट्री ‘India: The Modi Question’ को लेकर मानहानि का मुकदमा दायर किया था। NGO का आरोप था कि डॉक्यूमेंट्री में भारत की प्रतिष्ठा, भारतीय न्यायपालिका और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की छवि को नुकसान पहुंचाने वाली सामग्री दिखाई गई। इसी आधार पर NGO ने BBC के खिलाफ ₹10,000 करोड़ के हर्जाने की मांग करते हुए दिल्ली हाईकोर्ट का रुख किया था। मामला वर्ष 2023 में दायर किया गया था और इसके बाद इसकी सुनवाई कई बार आगे बढ़ी।
कोर्ट ने उठाए थे maintainability पर सवाल
मामले की सुनवाई के दौरान दिल्ली हाईकोर्ट ने मुकदमे की maintainability यानी इस सवाल पर भी सवाल उठाए थे कि मौजूदा स्वरूप में यह मुकदमा अदालत में सुनवाई योग्य है या नहीं। अदालत ने यह भी गौर किया था कि मामला 2023 में दाखिल होने के बावजूद इसकी कार्यवाही आगे बढ़ाने के बजाय कई मौकों पर स्थगन यानी adjournment मांगा गया।
अप्रैल 2026 में लगा था ₹20 हजार का जुर्माना
मामले में बार-बार स्थगन मांगे जाने को लेकर अदालत पहले भी नाराजगी जता चुकी थी। 15 अप्रैल 2026 को दिल्ली हाईकोर्ट ने NGO पर ₹20,000 का जुर्माना लगाया था। अदालत के सामने यह मामला लंबे समय से लंबित था और कार्यवाही में देरी को लेकर सवाल उठे थे। अब NGO ने खुद मौजूदा मुकदमा वापस लेने का फैसला किया है। हालांकि, अदालत को यह भी बताया गया है कि इसी cause of action को लेकर नया मुकदमा दायर किया जाएगा। इसका मतलब है कि BBC की डॉक्यूमेंट्री को लेकर कानूनी विवाद फिलहाल पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है, बल्कि NGO इसे नए मुकदमे के जरिए आगे बढ़ाने की तैयारी में है।
क्या है ‘India: The Modi Question’?
BBC की ‘India: The Modi Question’ दो भागों वाली डॉक्यूमेंट्री है, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राजनीतिक जीवन और 2002 के गुजरात दंगों से जुड़े घटनाक्रम पर चर्चा की गई थी। डॉक्यूमेंट्री को लेकर भारत में व्यापक राजनीतिक और कानूनी विवाद हुआ था। मौजूदा मामले में हालांकि अदालत ने अभी डॉक्यूमेंट्री की सामग्री पर अंतिम फैसला नहीं दिया है। फिलहाल दिल्ली हाईकोर्ट के सामने लंबित ₹10,000 करोड़ का मूल मानहानि मुकदमा NGO द्वारा वापस लिए जाने के बाद समाप्त हो गया है। NGO के नए मुकदमे के बाद इस विवाद पर आगे न्यायिक सुनवाई की संभावना बनी हुई है।
