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लखनऊ में 3 हजार किलो पान मसाला जब्त, नेपाल भेजने की थी तैयारी!
लखनऊ के चारबाग में कस्टम विभाग ने रेलवे के जरिए लाई जा रही करीब 3,000 किलो पान मसाले की खेप पकड़ी है। शुरुआती जांच में माल को आगे नेपाल भेजे जाने की तैयारी की बात सामने आई है। कस्टम और GST विभाग अब खेप के स्रोत, बुकिंग कराने वाले व्यक्ति, संभावित खरीदार और टैक्स रिकॉर्ड की जांच कर रहे हैं।

लखनऊ में कस्टम विभाग ने रेलवे के रास्ते लाई जा रही पान मसाले की बड़ी खेप पकड़ी है। चारबाग रेलवे क्षेत्र में कार्रवाई के दौरान करीब 3 हजार किलो पान मसाला बरामद किया गया। शुरुआती जांच में सामने आया है कि यह माल मालगाड़ी के जरिए लखनऊ पहुंचाया गया था। सूचना मिलने के बाद कस्टम विभाग की टीम ने चारबाग में कार्रवाई करते हुए पूरी खेप को अपने कब्जे में ले लिया। जांच में यह भी सामने आया है कि बरामद पान मसाले को लखनऊ से आगे नेपाल भेजने की कथित तैयारी थी। हालांकि, तस्करी के पूरे नेटवर्क और इसमें शामिल लोगों की भूमिका जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
बुकिंग और टैक्स रिकॉर्ड की जांच
कस्टम अधिकारियों ने खेप से जुड़े दस्तावेज खंगालने शुरू कर दिए हैं। इसमें बुकिंग डिटेल, परिवहन रिकॉर्ड, माल से जुड़े कागजात और टैक्स रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। विभाग यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि इतनी बड़ी मात्रा में पान मसाला कहां से भेजा गया था और लखनऊ में इसकी डिलीवरी किस व्यक्ति या कारोबारी को होनी थी।जांच का एक अहम पहलू टैक्स चोरी से भी जुड़ा है। GST विभाग यह पता लगाएगा कि बरामद माल पर निर्धारित टैक्स का भुगतान किया गया था या नहीं। इसके अलावा संबंधित कारोबारियों के रिकॉर्ड की जांच कर सप्लाई चेन का पता लगाने की कोशिश की जा रही है।
रेलवे के जरिए इतनी बड़ी खेप पहुंचने पर सवाल
करीब 3 हजार किलो पान मसाला रेलवे के जरिए लखनऊ पहुंचने के बाद निगरानी व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। जांच का दायरा रेलवे पुलिस और RPF की भूमिका तक पहुंच सकता है। हालांकि, अभी तक किसी अधिकारी या कर्मचारी की संलिप्तता की पुष्टि नहीं हुई है। अधिकारी यह भी जांच करेंगे कि मालगाड़ी और रेलवे परिसर में माल की बुकिंग, ढुलाई और निगरानी के दौरान कहीं नियमों की अनदेखी तो नहीं हुई। अगर जांच में लापरवाही या नियमों के उल्लंघन की बात सामने आती है तो संबंधित जिम्मेदारी भी तय की जा सकती है।
नेपाल कनेक्शन की भी जांच
कस्टम विभाग अब इस बात का पता लगाने में जुटा है कि पान मसाले की इस खेप को नेपाल भेजने की योजना किसकी थी। इसके लिए बुकिंग रिकॉर्ड, परिवहन दस्तावेज और कारोबारियों से जुड़े कागजात खंगाले जा रहे हैं। फिलहाल जांच का फोकस खेप के वास्तविक स्रोत, बुकिंग कराने वालों, संभावित खरीदार और आगे की सप्लाई चेन का पता लगाने पर है। जांच आगे बढ़ने पर इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी सामने आ सकती है।
