government

गणेशोत्सव को ‘राज्य महोत्सव’ का दर्जा; विशेष डाक टिकट और सिक्का जारी करने के लिए 55 लाख रुपये मंजूर

महाराष्ट्र के सार्वजनिक गणेशोत्सव को ‘राज्य महोत्सव’ के रूप में मनाने की दिशा में राज्य सरकार ने महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। गणेशोत्सव के अवसर पर विशेष डाक टिकट और विशेष स्मारक सिक्का जारी किया जाएगा। इसके लिए महाराष्ट्र सरकार ने कुल 55 लाख रुपये के खर्च को वित्तीय मंजूरी दी है। इसमें विशेष डाक टिकट के लिए 15 लाख रुपये और विशेष सिक्के के लिए 40 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे।

Priyanka Gaikwad11 अग. 2026, 03:45 PM IST
खबर शेयर करें:
गणेशोत्सव को ‘राज्य महोत्सव’ का दर्जा; विशेष डाक टिकट और सिक्का जारी करने के लिए 55 लाख रुपये मंजूर
मुंबई : महाराष्ट्र के सामाजिक, सांस्कृतिक और भावनात्मक जीवन में सार्वजनिक गणेशोत्सव का विशेष महत्व है। इसी महत्व को ध्यान में रखते हुए सार्वजनिक गणेशोत्सव को ‘राज्य महोत्सव’ के रूप में मनाने को मंजूरी दी गई है। अब इस अवसर को यादगार बनाने के लिए विशेष डाक टिकट और विशेष सिक्का जारी किया जाएगा। इसके लिए राज्य सरकार ने 55 लाख रुपये की वित्तीय मंजूरी प्रदान की है। पर्यटन एवं सांस्कृतिक कार्य विभाग की ओर से 10 अगस्त 2026 को इस संबंध में शासन निर्णय जारी किया गया है। शासन निर्णय में कहा गया है कि महाराष्ट्र के विभिन्न हिस्सों में सार्वजनिक गणेशोत्सव बड़े उत्साह और व्यापक स्तर पर मनाया जाता है। भक्ति और आध्यात्मिकता के साथ सामाजिक सरोकारों को जोड़ने वाला यह उत्सव केवल धार्मिक या सांस्कृतिक आयोजन नहीं है, बल्कि महाराष्ट्र की सामाजिक एकता और भावनात्मक जुड़ाव का भी महत्वपूर्ण हिस्सा है।

इसी महत्व को देखते हुए सार्वजनिक गणेशोत्सव को ‘राज्य महोत्सव’ के रूप में मनाने का निर्णय लिया गया है। डाक टिकट के लिए 15 लाख, सिक्के के लिए 40 लाख राज्य सरकार के शासन निर्णय के अनुसार विशेष डाक टिकट और विशेष सिक्का जारी करने के लिए कुल 55 लाख रुपये का खर्च मंजूर किया गया है।

- विशेष डाक टिकट जारी करने के लिए: 15 लाख रुपये
- विशेष सिक्का जारी करने के लिए: 40 लाख रुपये
- कुल वित्तीय मंजूरी: 55 लाख रुपये
इस राशि से गणेशोत्सव राज्य महोत्सव के अवसर पर डाक टिकट और विशेष सिक्के से संबंधित आवश्यक प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

पहले भी दी गई थी प्रशासनिक मंजूरी
गणेशोत्सव के अवसर पर विशेष डाक टिकट और विशेष सिक्का जारी करने के लिए इससे पहले प्रशासनिक मंजूरी दी जा चुकी थी। हालांकि, संबंधित प्रक्रिया वित्त वर्ष 2025-26 में पूरी नहीं हो सकी। इसके बाद सांस्कृतिक कार्य संचालनालय की ओर से वित्त वर्ष 2026-27 में इस कार्य को पूरा करने के लिए खर्च को वित्तीय मंजूरी देने का अनुरोध राज्य सरकार से किया गया था। इस प्रस्ताव पर विचार करने के बाद सरकार ने अब 55 लाख रुपये की वित्तीय मंजूरी दी है।

मंजूर बजट से किया जाएगा खर्च
शासन निर्णय के अनुसार इस कार्य पर होने वाला खर्च वित्त वर्ष 2026-27 के लिए मंजूर बजटीय प्रावधान से किया जाएगा। यह राशि कला एवं संस्कृति से संबंधित विभिन्न महोत्सवों और कार्यक्रमों के लिए निर्धारित निधि के तहत उपलब्ध प्रावधान से खर्च की जाएगी। इस खर्च के लिए मुंबई स्थित सांस्कृतिक कार्य संचालनालय के निदेशक को नियंत्रण अधिकारी घोषित किया गया है। वहीं, सांस्कृतिक कार्य संचालनालय के लेखाधिकारी को आहरण एवं संवितरण अधिकारी की जिम्मेदारी दी गई है।

खर्च का उपयोगिता प्रमाणपत्र देना होगा
सरकार ने निधि के उपयोग को लेकर भी स्पष्ट निर्देश दिए हैं। कार्यक्रम के लिए वितरित की गई राशि खर्च होने के बाद सांस्कृतिक कार्य संचालनालय के निदेशक को एक महीने के भीतर खर्च का विस्तृत विवरण और उपयोगिता प्रमाणपत्र सरकार को प्रस्तुत करना होगा। निधि का उपयोग निर्धारित नियमों और वित्तीय प्रावधानों के अनुसार ही करना होगा।

वित्त विभाग की सहमति के बाद फैसला
इस शासन निर्णय को जारी करने से पहले वित्त विभाग की सहमति भी प्राप्त की गई है। वित्त विभाग के 23 जुलाई 2026 के अनौपचारिक संदर्भ के अनुसार मिली सहमति के आधार पर यह निर्णय जारी किया गया है। साथ ही, बजट और वित्तीय नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई करने की जिम्मेदारी सांस्कृतिक कार्य संचालनालय के निदेशक को दी गई है। गणेशोत्सव की सांस्कृतिक पहचान को मिलेगा नया आयाम महाराष्ट्र में सार्वजनिक गणेशोत्सव की परंपरा लंबे समय से सामाजिक और सांस्कृतिक एकता का प्रतीक रही है। राज्य के अलग-अलग हिस्सों में गणेशोत्सव के दौरान धार्मिक कार्यक्रमों के साथ सामाजिक, सांस्कृतिक और जनजागरूकता से जुड़े आयोजन भी किए जाते हैं।
ऐसे में गणेशोत्सव को ‘राज्य महोत्सव’ के रूप में मान्यता मिलने और उसके अवसर पर विशेष डाक टिकट तथा सिक्का जारी किए जाने से महाराष्ट्र की इस सांस्कृतिक परंपरा को राष्ट्रीय स्तर पर एक अलग पहचान मिलने की उम्मीद है। विशेष डाक टिकट और सिक्का भविष्य में महाराष्ट्र के सार्वजनिक गणेशोत्सव की सांस्कृतिक विरासत के स्मृति-चिह्न के रूप में भी महत्वपूर्ण माने जा सकते हैं।

10 अगस्त को जारी हुआ शासन निर्णय
महाराष्ट्र के पर्यटन एवं सांस्कृतिक कार्य विभाग ने 10 अगस्त 2026 को यह शासन निर्णय जारी किया है। यह निर्णय महाराष्ट्र सरकार की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध कराया गया है। शासन निर्णय का कंप्यूटर संकेतांक 202608101723294243 है। राज्य सरकार के इस फैसले से अब सार्वजनिक गणेशोत्सव को ‘राज्य महोत्सव’ के रूप में मनाने की प्रक्रिया को और अधिक औपचारिक एवं व्यापक स्वरूप मिलने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।